कोलकाता : दुर्गापूजा के उल्लास से सराबोर कोलकाता में इस बार बंगाल की पारंपरिक पूजा संस्कृति के साथ गुजरात की रंगीन लोक परंपराओं का भी अनूठा संगम देखने को मिला। इसी क्रम में पद्दोपुकुर यूथ एसोसिएशन की ओर से आदियोगी थीम पर आधारित दुर्गापूजा का भव्य आयोजन किया गया।
आकर्षक कलात्मक सजावट और मनमोहक प्रकाश व्यवस्था के बीच आयोजित इस कार्यक्रम में गुजराती गरबा और डांडिया विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। केयूर मजमूदर के संयोजन एवं संचालन में आयोजित कार्यक्रम में लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इस अवसर पर विभिन्न जोड़ों ने एक साथ मां भवानी की आरती कर सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इसके बाद सामूहिक गरबा और डांडिया का आयोजन हुआ, जिसमें प्रतिभागियों ने पारंपरिक गुजराती अंदाज में उत्सव का आनंद लिया।
कार्यक्रम के दौरान कुछ विशिष्ट जोड़ों को उनके योगदान और सहभागिता के सम्मान में ‘आदियोगी सम्मान’ से विभूषित किया गया। सम्मान समारोह ने आयोजन को और भी यादगार बना दिया।
उत्सव का स्वाद बढ़ाने के लिए गुजराती व्यंजनों की भी विशेष व्यवस्था की गई थी। ढोकला, फाफड़ा और जलेबी सहित पारंपरिक पकवानों का लोगों ने आनंद लिया। इन व्यंजनों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कोलकाता में गुजरात की विशिष्ट पहचान को जीवंत कर दिया।
इस आयोजन ने दुर्गापूजा के मंच पर विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक परंपराओं के मेल-जोल और आपसी सौहार्द की सुंदर तस्वीर पेश की।
