वाशिंगटन : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आरोप लगाया है कि ईरान तीन नवंबर को होने वाले मध्यावधि चुनाव से पहले तेल की कीमतें बढ़ाने के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य में हमलों की फर्जी खबरें फैला रहा है। ट्रंप ने सोशल मीडिया मंच ‘ट्रुथ सोशल’ पर दावा किया कि संघर्ष शुरू होने से पहले की तुलना में अब होर्मुज से अधिक तेल गुजर रहा है। उन्होंने ईरान पर प्रदर्शनकारियों की हत्या करने का आरोप लगाते हुए कहा कि उसे परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दिया जाएगा। आयोवा में चुनावी रैली के लिए रवाना होने से पहले ट्रंप ने स्वीकार किया कि युद्ध की राजनीतिक कीमत चुकानी पड़ रही है, लेकिन ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकना जरूरी है। होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर हमलों और समुद्री यातायात में बाधाओं से वैश्विक तेल आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ी है। ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स नौसेना ने इस सप्ताह चार तेल टैंकरों पर हमले और उनमें आग लगने की सूचना दी थी। इससे पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ गया है।
होर्मुज में बारूदी सुरंग से टकराकर टैंकर में विस्फोट
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की नौसेना ने दावा किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य के दक्षिणी हिस्से में एक तेल टैंकर बारूदी सुरंग से टकराने के बाद आग की चपेट में आ गया और उसमें विस्फोट हो गया। ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, जहाज ने अपनी पहचान और स्थिति बताने वाली प्रणालियां बंद कर दी थीं और कथित तौर पर अनधिकृत मार्ग से जलडमरूमध्य से निकलने की कोशिश कर रहा था। आईआरजीसी ने चेतावनी दी कि पहचान प्रणाली बंद करने वाले जहाजों को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। इस बीच, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका को दोबारा सैन्य कार्रवाई के खिलाफ चेताया और इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू पर वाशिंगटन को एक और युद्ध की ओर धकेलने का आरोप लगाया। आईआरजीसी ने ईरान के ऊर्जा ढांचे पर हमले की स्थिति में भीषण जवाबी कार्रवाई की धमकी दी। ईरान के सैन्य प्रमुख ने कहा कि अमेरिका और इजराइल का नया हमला पहले से अधिक कड़ी जवाबी कार्रवाई को न्योता देगा।
